प्रजन्य देवता

पर्जन्य - ताज़गी, अंतर्दृष्टि, नए नय उपजाऊ विचार, विकसित होना, स्त्रियों में प्रजनन क्षमता  आज्ञा चक्र 



शिखी के बाद अगले देवता पर्जन्य होते है. ऋग्वेद में वर्षा के देवता का नाम पर्जन्य है. अथर्वेद में इन्हे पृथ्वी पर वनस्पति की उत्पत्ति का कारक माना जाता है, इनका काम जल बरसाना होता है जब पृथ्वी पर बादल जल बरसाते हैं तो वनस्पति बनती है, इन देवता को फल पैदा करने वाला देवता बोला गया है, गायों और स्त्रियों में उर्वरता पैदा करने वाला माना गया है. यहाँ बैठकर ध्यान लगाने से कोई न कोई नया ज्ञान मिल सकता है. खुश होने पर पर्जन्य देवता को धन और वर की वर्षा करने वाला भी माना जाता है. पृथ्वी को माता और पर्जन्य को पिता बोला गया है. पर्जन्य से शस पैदा होता है इसके दो मतलब है तिनका व् तीर. मतलब के शास्त्र और शस्त्र पर्जन्य से पैदा होते है. 

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